आज गुजरात दौरे पर पीएम मोदी : साणंद में सेमीकंडक्टर संयंत्र का करेंगे उद्घाटन, 20 हजार करोड़ से अधिक की परियोजनाओं की देंगे सौगात
मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुजरात के दौरे पर रहेंगे, जहां वे राज्य को औद्योगिक और सांस्कृतिक विकास से जुड़ी कई बड़ी सौगातें देंगे। इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी अहमदाबाद के साणंद में सेमीकंडक्टर संयंत्र का उद्घाटन करेंगे और 20 हजार करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास एवं उद्घाटन भी करेंगे। प्रधानमंत्री का यह दौरा भारत को वैश्विक सेमीकंडक्टर हब बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
प्रधानमंत्री का कार्यक्रम सुबह लगभग 10 बजे गांधीनगर से शुरू होगा, जहां वे कोबा तीर्थ स्थित सम्राट संप्रति संग्रहालय का उद्घाटन करेंगे। इसके बाद वे एक जनसभा को संबोधित करेंगे। इस कार्यक्रम को महावीर जयंती के अवसर पर आयोजित किया जा रहा है, जिससे इस आयोजन को सांस्कृतिक और आध्यात्मिक महत्व भी मिल गया है। संग्रहालय का उद्घाटन जैन परंपरा, इतिहास और सांस्कृतिक विरासत को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
प्रधानमंत्री कार्यालय के अनुसार, दोपहर 12 बजकर 34 मिनट पर प्रधानमंत्री अहमदाबाद के साणंद क्षेत्र में स्थित केन्स सेमीकान प्लांट का उद्घाटन करेंगे। इस संयंत्र के शुरू होने के साथ ही यहां वाणिज्यिक उत्पादन की शुरुआत हो जाएगी, जो भारत के सेमीकंडक्टर क्षेत्र में एक बड़ा मील का पत्थर माना जा रहा है। यह संयंत्र उन्नत इंटेलिजेंट पावर मॉड्यूल (आईपीएम) के उत्पादन पर केंद्रित होगा, जिसका उपयोग इलेक्ट्रिक वाहनों, नवीकरणीय ऊर्जा प्रणालियों और औद्योगिक उपकरणों में किया जाता है।
सरकारी बयान के मुताबिक यह परियोजना इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन के तहत एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। इस मिशन का उद्देश्य देश में सेमीकंडक्टर निर्माण को बढ़ावा देना और आयात पर निर्भरता कम करना है। साणंद संयंत्र के शुरू होने से न केवल तकनीकी क्षमता बढ़ेगी बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
सेमीकंडक्टर निर्माण में आत्मनिर्भरता की ओर बड़ा कदम
यह संयंत्र भारत के इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण इकोसिस्टम को मजबूत करेगा। इस प्लांट में आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल कर उच्च गुणवत्ता वाले पावर मॉड्यूल तैयार किए जाएंगे, जो ऑटोमोबाइल, ऊर्जा और औद्योगिक क्षेत्रों में इस्तेमाल होंगे। इससे भारत में इलेक्ट्रिक मोबिलिटी और ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। बताया जा रहा है कि माइक्रोन टेक्नोलॉजी के बाद यह दूसरा सेमीकंडक्टर संयंत्र होगा, जहां वाणिज्यिक उत्पादन शुरू किया जा रहा है। इससे यह स्पष्ट संकेत मिलता है कि भारत तेजी से वैश्विक सेमीकंडक्टर आपूर्ति श्रृंखला में अपनी जगह बना रहा है। इस तरह की परियोजनाएं देश को इलेक्ट्रॉनिक्स निर्माण के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने में अहम भूमिका निभाएंगी।
प्रधानमंत्री अपने दौरे के दौरान 20 हजार करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन भी करेंगे। इनमें बुनियादी ढांचा, औद्योगिक विकास, शहरी सुविधाओं और कनेक्टिविटी से जुड़ी परियोजनाएं शामिल हैं। इन परियोजनाओं के पूरा होने से गुजरात में औद्योगिक निवेश को बढ़ावा मिलने के साथ ही रोजगार के अवसरों में भी वृद्धि होगी।
गुजरात लंबे समय से विनिर्माण और निवेश के केंद्र के रूप में उभरता रहा है। साणंद क्षेत्र विशेष रूप से ऑटोमोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक्स उद्योग का महत्वपूर्ण हब बन चुका है। अब सेमीकंडक्टर संयंत्र के शुरू होने से यह क्षेत्र हाई-टेक मैन्युफैक्चरिंग के नए केंद्र के रूप में विकसित होगा।
प्रधानमंत्री के इस दौरे को आगामी औद्योगिक विस्तार और तकनीकी आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। सरकार का लक्ष्य देश में चिप निर्माण को बढ़ावा देना, आयात पर निर्भरता कम करना और वैश्विक कंपनियों को भारत में निवेश के लिए आकर्षित करना है। साणंद संयंत्र का उद्घाटन इसी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
प्रधानमंत्री का यह दौरा औद्योगिक विकास, सांस्कृतिक विरासत और तकनीकी आत्मनिर्भरता—तीनों मोर्चों पर अहम संदेश देता है। इससे न केवल गुजरात बल्कि पूरे देश में सेमीकंडक्टर निर्माण और इलेक्ट्रॉनिक्स उद्योग को नई गति मिलने की उम्मीद है।

